कोरबा : वन मंडल कोरबा के अंतर्गत वन परिक्षेत्र लेमरू में शक्तिशाली सरीसृप (अजगर) के प्रवेश करने और छिपने की सूचना वन विभाग को मिलने पर इसका सुरक्षित रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा गया। वन परिक्षेत्र अधिकारी लेमरू देवव्रत सिन्हा ने त्वरित कार्यवाही करते हुए अपने अधीनस्थ स्टाफ याज्ञवल्क्य राणा (गेम गार्ड एवं वर्तमान बीट फॉरेस्ट ऑफिसर प्रभार) को आवश्यक दिशा-निर्देश देकर तत्काल मौके पर रवाना किया।
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श्री राणा ने स्थिति की गंभीरता को समझते हुए अत्यंत सावधानी, सुरक्षा और वन्य जीव के लिए विभागीय प्रोटोकॉल का पालन करते हुए अजगर का सफलता पूर्वक रेस्क्यू किया। परीक्षण के दौरान अजगर पूर्णत: स्वस्थ पाया गया, जिसे बाद में सुरक्षित रूप से उसके प्राकृतिक आवास (जंगल) में छोड़ दिया गया।
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इस सफल अभियान का मुख्य श्रेय वनमंडलाधिकारी, वनमंडल कोरबा जितेंद्र उपाध्याय, उपमंडलाधिकारी (उत्तर कोरबा) राम सिंह राठिया, उपमंडलाधिकारी (दक्षिण कोरबा) सूर्यकांत सोनी एवं वन मंडल के समस्त सक्रिय स्टाफ को जाता है।


