नई दिल्ली : NEET पेपर लीक को लेकर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है। सवाल उठा रहा है। ऐसे में केंद्र सरकार ने NEET री-एग्जाम को पूरी तरह सुरक्षित बनाने के लिए नई स्ट्रैटेजी तैयार की है। अब इसके लिए इंडियन एयरफोर्स की मदद ली जा सकती है। बताया जा रहा है कि अलग-अलग शहरों तक NEET री-एग्जाम के पेपर विमान से ले जाए जा सकते हैं।
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सूत्रों के मुताबिक, 21 जून को होने वाली री-एग्जाम परीक्षा के प्रश्नपत्रों के ट्रांसपोर्टेशन के लिए इंडियन एयरफोर्स की मदद ली जा सकती है। सरकार Whole-of-Government Approach के तहत गृह मंत्रालय, राज्य पुलिस और अन्य एजेंसियों के साथ मिलकर परीक्षा सुरक्षा को मजबूत करने की तैयारी कर रही है। जानकारी के मुताबिक, NEET प्रश्नपत्रों को प्रिंटिंग प्रेस से सीधे ले जाकर हाई सिक्योरिटी स्ट्रॉन्ग रूम तक ले जाने की योजना बनाई गई है। इस दौरान, लीक को रोकने के लिए मल्टी-लेयर सिक्योरिटी सिस्टम लागू होगा, जिसमें डिजिटल मॉनिटरिंग, GPS ट्रैकिंग और हर लेवल पर सिक्योरिटी एजेंसियों की निगरानी भी शामिल रहेगी। सरकार का उद्देश्य है कि NEET पेपर लीक जैसे किसी भी संदेह को पूरी तरह समाप्त किया जा सके और अभ्यर्थियों का विश्वास दोबारा जीता जा सके।
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इधर, NEET Paper Leak Case को लेकर Supreme Court में भी सुनवाई जारी है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी NTA को सर्वोच्च अदालत में अपना जवाब दाखिल करना है। इस केस पर लगभग 23 लाख अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों की निगाहें टिकी हुई हैं। उधर, विपक्ष लगातार Examination System में पारदर्शिता और जवाबदेही को सवाल लेकर पूछ रहा है, जबकि केंद्र सरकार कह रही है कि दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त एक्शन होगा। साथ ही, भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाने के लिए व्यापक सुधार किए जाएंगे।


