रायगढ़ : वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन एवं एडिशनल एसपी अनिल सोनी के मार्गदर्शन पर थाना चक्रधरनगर पुलिस ने आशीर्वाद मेडिकल स्टोर में हुई चोरी की घटना का 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो विधि से संघर्षरत बालकों को हिरासत में लेकर उनके कब्जे से चोरी की रकम बरामद की है। दोनों अपचारी बालकों को विधिसम्मत कार्रवाई के बाद किशोर न्याय बोर्ड, रायगढ़ के समक्ष प्रस्तुत कर बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है।
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प्रकरण में प्रार्थी रतन मित्रा (67 वर्ष), निवासी बोईरदादर, रायगढ़ की रिपोर्ट पर थाना चक्रधरनगर में अपराध क्रमांक 332/2026 धारा 331(4), 305(क), 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई। घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के मार्गदर्शन में नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा के सुपरविजन में तत्काल चक्रधरनगर टीआई राकेश मिश्रा ने तत्काल घटनास्थल एवं आसपास के सीसीटीवी फुटेज का सूक्ष्म विश्लेषण किया तथा तकनीकी एवं मुखबिर सूचना के आधार पर दो विधि से संघर्षरत बालकों को हिरासत में लिया। पूछताछ में दोनों ने अपने दो अन्य साथियों के साथ 03 जुलाई 2026 की दरम्यानी रात आशीर्वाद मेडिकल स्टोर का ताला तोड़कर दुकान में प्रवेश करना तथा गल्ले में रखी ₹4,000 की नकदी चोरी करना स्वीकार किया। पूछताछ में उन्होंने बताया कि चोरी की रकम चारों ने आपस में एक-एक हजार रुपये बांट ली थी।
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पूछताछ के दौरान यह भी जानकारी मिली कि चोरी के बाद तीन दोस्त HF डीलक्स मोटरसाइकिल (CG-13 AP-4953) से जामगांव की ओर घूमने निकले थे। रास्ते में तेज एवं लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने के कारण मोटरसाइकिल दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिसमें तीनों को चोटें आईं। इनमें *दो आरोपी वर्तमान में अस्पताल में उपचाररत हैं*, जबकि हिरासत में लिए गए एक अपचारी बालकों को सामान्य चोटें आई थीं। पुलिस ने दोनों विधि से संघर्षरत बालकों के कब्जे से चोरी की बंटवारे की एक-एक हजार रुपये की नगदी बरामद की। आवश्यक वैधानिक प्रक्रिया एवं परिजनों को सूचना देने के बाद दिनांक 05 जुलाई 2026 को दोनों अपचारी बालकों को किशोर न्याय बोर्ड, रायगढ़ के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें बाल संप्रेक्षण गृह भेज दिया गया है ।


