सक्ती – जिले के डभरा संग्रहण केंद्र में करोड़ों के भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। भ्रष्टाचार के इस मामले को लेकर शासन हित में संग्रहण केंद्र प्रभारी विवेक पटेल के खिलाफ शिकायत कर जांच करने की मांग की गई है। लेकिन डीएमओ सक्ती द्वारा अब तक कोई कार्यवाही नहीं किया जा रहा है।
शिकायतकर्ता ने अपने शिकायत में लिखा है कि धान संग्रहण केंद्र डभरा को लगभग 393890 क्विंटल धान प्राप्त हुआ था जो कि बोरियो में 998779 था। वहीं संग्रहण केंद्र से अलग – अलग कुल लगभग 378218 क्विंटल धान प्रदाय किया गया है। इसके अलावा संग्रहण केंद्र में बचत स्कंध लगभग 15671 क्विंटल शेष होना था जो कि मौके में एक भी बोरी धान नहीं है जिसकी कीमत लगभग 4 करोड़ 85 लाख के आसपास की है।
ऐसे में इतनी बड़ी मात्रा में धान का गायब हो जाना महज एक इत्तेफाक नहीं है बल्कि धान में किया गया बड़ा खेल है जिसमें संग्रहण केंद्र प्रभारी विवेक पटेल की भूमिका संदिग्ध है। इसके अलावा विभाग के और भी लोगों के मिले होने की संभावना नजर आ रही है।
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शिकायतकर्ता ने अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि अधिकारी द्वारा जानबूझकर भ्रष्टाचार में लिप्त संग्रहण केंद्र प्रभारी विवेक पटेल एवं उनके सहयोगियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। यही कारण है कि शिकायत होने के बाद भी अब तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी है और ना ही शिकायतकर्ता को कोई सूचना दी गई है।
आपको बता दें पूर्व में भी शिकायतकर्ता ने जिले के सभी संग्रहण केंद्रों में घोटाले की शिकायत किया था जो कि आज पूरी तरह से सही साबित भी हुआ। इतना ही नहीं मामला विधान सभा में भी गूंजा लेकिन सुशासन की सरकार में अब तक कोई कार्यवाही नहीं हो रही है।
शिकायकर्ता का कहना है कि क्या डभरा संग्रहण केंद्र प्रभारी के भ्रष्टाचार में डीएमओ की मिलीभगत है? और यदि नहीं तो फिर जांच में उनकी कलम की स्याही क्यों सूख रही है?
दस्तावेजों के साथ थाने में होगी शिकायत
शिकायतकर्ता का कहना है कि यदि इस मामले की जांच डीएमओ द्वारा समय रहते नहीं कराई जाती है तो जल्द ही इस मामले को दस्तावेजों के साथ संबंधित थाने में शिकायत करते हुए मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ अपराध दर्ज करने की मांग की जाएगी।


