हैदराबाद। शहर के नामपल्ली इलाके में मंगलवार को उस वक्त सनसनी फैल गई, जब सालों से बंद पड़े एक घर में एक व्यक्ति का कंकाल बरामद किया गया। यह घटना 14 जुलाई की बताई जा रही है। मोहल्ले का एक लड़का क्रिकेट खेलते हुए बॉल ढूंढने के लिए इस वीरान घर में घुसा था, जहां उसने कंकाल देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी।
पुलिस के मुताबिक, कंकाल पेट के बल गिरा हुआ था, पास में पुराने बर्तन और एक नोकिया मोबाइल पड़ा था, जिसकी बैटरी खत्म हो चुकी थी। यही मोबाइल फोन मृतक की पहचान की अहम कड़ी बना। जब फोन को सुधारकर चालू किया गया, तो उसके कॉन्टैक्ट डीटेल्स और कॉल लॉग से पता चला कि यह कंकाल अमीर नामक व्यक्ति का है।
जांच में खुलासा हुआ कि यह मकान मुनीर खान का था और उनके दस बच्चों में से तीसरा बेटा अमीर यहां अकेले रहता था। बाकी भाई-बहन अलग-अलग जगह रह रहे थे। इस वजह से उसकी मौत के बारे में किसी को भनक तक नहीं लगी।
पुलिस के अनुसार, जब फोन चालू किया गया तो उसमें 2015 में की गई 84 मिस्ड कॉल दर्ज थीं। अमीर के छोटे भाई शादाब ने मौके पर पहुंचकर कंकाल के पास मिली एक अंगूठी और शॉर्ट्स से उसकी पहचान की।
पुलिस को घर के एक कमरे में तकिए के नीचे से पुराने चलन के नोट भी मिले हैं। इससे अंदेशा है कि अमीर की मौत नोटबंदी से पहले, यानी 2016 के आसपास हो चुकी थी। पुलिस का कहना है कि मृतक लगभग 50 वर्ष का था, अविवाहित था और संभवतः मानसिक रूप से अस्वस्थ भी था। लंबे समय तक लाश पड़े रहने से उसकी हड्डियां भी टूटने लगी थीं।
घटनास्थल पर किसी तरह की हिंसा या संघर्ष के निशान नहीं मिले। शव की जांच और पहचान की पुष्टि के लिए फॉरेंसिक विभाग की क्लूज टीम ने मौके से सैंपल एकत्र किए और अवशेषों को पोस्टमॉर्टम के लिए शवगृह भिजवा दिया गया है।


