नई दिल्ली/न्यूयॉर्क।’ अमेरिका के सबसे बड़े शहर न्यूयॉर्क में इस बार के मेयर चुनाव ने नया इतिहास रच दिया है। डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट जोहरान ममदानी ने भारी अंतर से जीत दर्ज करते हुए पूर्व गवर्नर एंड्र्यू कुओमो को मात दी। यह जीत सिर्फ एक चुनावी सफलता नहीं, बल्कि डेमोक्रेटिक पार्टी के भीतर विचारधारा और पीढ़ी के संघर्ष का प्रतीक बन गई है।
ममदानी, जो भारतीय मूल के हैं, ने अपनी प्रगतिशील नीतियों, सामाजिक न्याय और आम लोगों से जुड़ाव के दम पर न्यूयॉर्क के मतदाताओं को प्रभावित किया। उन्होंने अपने अभियान में सस्ती आवास नीति, सार्वजनिक परिवहन में सुधार और जलवायु परिवर्तन से निपटने जैसे मुद्दों को प्राथमिकता दी।
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दूसरी ओर, 67 वर्षीय एंड्र्यू कुओमो ने स्वतंत्र उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतरकर अपनी पुरानी राजनीतिक पकड़ को फिर से साबित करने की कोशिश की, लेकिन युवा मतदाताओं ने उन्हें बड़े पैमाने पर नकार दिया।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ममदानी की जीत न्यूयॉर्क की बदलती सामाजिक और राजनीतिक सोच का संकेत है, जहाँ युवा मतदाता अब पारंपरिक राजनीति से हटकर नई आवाज़ों को समर्थन दे रहे हैं।


