रायपुर : जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी ने आज लोक भवन पहुंचकर छत्तीसगढ़ में प्रस्तावित धर्मांतरण कानून का कड़ा विरोध करते हुए राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान उन्होंने विधेयक की प्रति जलाकर अपना विरोध भी दर्ज कराया।
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जोगी ने इस विधेयक को लोगों की आस्था पर सीधा प्रहार बताते हुए कहा कि यह कानून नागरिकों के मौलिक अधिकारों का हनन करता है। अमित जोगी ने आगे कहा कि इस विधेयक में धार्मिक प्रचार को अपराध की श्रेणी में लाया गया है और कलेक्टर को धर्म से जुड़े मामलों का “द्वारपाल” बना दिया गया है।
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अब किसी भी व्यक्ति को अपने धर्म से जुड़े कार्यों के लिए प्रशासनिक अनुमति लेनी पड़ेगी, जो कि संविधानिक अधिकारों के विरुद्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रकार के कानून देश के लगभग 12 राज्यों में लाए गए हैं और इस विषय पर Supreme Court of India में मामला लंबित है तथा सुनवाई जारी है। ऐसे में विष्णु देव साय सरकार द्वारा जल्दबाजी में यह विधेयक लाना समझ से परे है।


